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Lucknow News: 38 हजार अभ्यर्थियों में से 10 हजार रहे अनुपस्थित
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पीईटी परीक्षा देने पहुंचे अभ्यर्थी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीएसएसएससी) की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) शुक्रवार को शहर के 44 केंद्रों पर हुई। बारिश के बीच दो पालियों में हुई परीक्षा में 38,304 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें 28,213 ने परीक्षा दी जबकि10,091 अनुपस्थित रहे। दोनों पालियों को मिलाकर कुल उपस्थिति 73.66 प्रतिशत रही। गणित और जीएस से जुड़े अधिकांश सवालों ने अभ्यर्थियों को खूब उलझाया।
परीक्षा के लिए बृहस्पतिवार से ही अभ्यर्थियों का आना शुरू हो गया था। सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक पहली पाली की परीक्षा में शामिल होने के लिए आठ बजे से अभ्यर्थी केंद्रों के बाहर जुटने लगे। सुबह से ही बारिश के चलते अधिकतर अभ्यर्थी भीगते हुए पहुंचे। कड़ी जांच के बाद उन्हें प्रवेश दिया गया। पहली पाली में पंजीकृत 19,152 अभ्यर्थियों में से 14,175 परीक्षा में शामिल हुए जबकि 4,977 अनुपस्थित रहे। पहली पाली में उपस्थिति 74.01 प्रतिशत दर्ज की गई। दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर तीन से शाम पांच बजे तक आयोजित हुई। इसमें भी 19,152 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें 14,038 ने परीक्षा दी, जबकि 5,114 अभ्यर्थी गैरहाजिर रहे। दूसरी पाली में उपस्थिति 73.29 प्रतिशत रही। पहली पाली के मुकाबले दूसरी पाली में 137 अभ्यर्थी कम उपस्थित रहे।
अभ्यर्थियों की बात
गणित और तालिका के सवालों ने उलझाया
- प्रश्नपत्र थोड़ा कठिन रहा। सामान्य अध्ययन और हिंदी के प्रश्न आसान थे। इतिहास और समसामयिक घटनाओं से जुड़े अधिकांश सवाल पढ़े हुए आए। गणित के प्रश्नों को हल करने में अधिक समय लगा। बड़ी चुनौती तय समय के भीतर सभी प्रश्न हल करना रहा।
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राहुल वर्मा उन्नाव
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पिछले छह महीने की समसामयिक घटनाओं और सामान्य अध्ययन की अच्छी तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों के लिए प्रश्न हल करना आसान था। तार्किक क्षमता से जुड़े सवाल अधिक कठिन नहीं थे। हालांकि, रेखाचित्र आधारित कुछ प्रश्नों ने जरूर उलझाया।
अर्चना सिंह लखनऊ
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पिछली परीक्षा की तुलना में इस बार प्रश्नपत्र अधिक सहज लगा। इतिहास, भूगोल और भारतीय संविधान से जुड़े अधिकांश प्रश्न स्कूली पाठ्यपुस्तकों के स्तर के थे। हालांकि, गलत उत्तर देने पर अंक कटने के प्रावधान के कारण अनुमान के आधार पर जवाब देने से बचना पड़ा।
संतोष उपाध्याय, कानपुर
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पहली बार परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए कुछ प्रश्न चुनौतीपूर्ण रहे। आंकड़ों के विश्लेषण और तार्किक क्षमता से जुड़े सवालों को समझने में समय लगा। तालिका आधारित प्रश्नों की भाषा भी घुमावदार थी। सामान्य ज्ञान में परंपरागत विषयों से अधिक सवाल पूछे गए।
पूजा सिंह, रायबरेली
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परीक्षा के लिए बृहस्पतिवार से ही अभ्यर्थियों का आना शुरू हो गया था। सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक पहली पाली की परीक्षा में शामिल होने के लिए आठ बजे से अभ्यर्थी केंद्रों के बाहर जुटने लगे। सुबह से ही बारिश के चलते अधिकतर अभ्यर्थी भीगते हुए पहुंचे। कड़ी जांच के बाद उन्हें प्रवेश दिया गया। पहली पाली में पंजीकृत 19,152 अभ्यर्थियों में से 14,175 परीक्षा में शामिल हुए जबकि 4,977 अनुपस्थित रहे। पहली पाली में उपस्थिति 74.01 प्रतिशत दर्ज की गई। दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर तीन से शाम पांच बजे तक आयोजित हुई। इसमें भी 19,152 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें 14,038 ने परीक्षा दी, जबकि 5,114 अभ्यर्थी गैरहाजिर रहे। दूसरी पाली में उपस्थिति 73.29 प्रतिशत रही। पहली पाली के मुकाबले दूसरी पाली में 137 अभ्यर्थी कम उपस्थित रहे।
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अभ्यर्थियों की बात
गणित और तालिका के सवालों ने उलझाया
- प्रश्नपत्र थोड़ा कठिन रहा। सामान्य अध्ययन और हिंदी के प्रश्न आसान थे। इतिहास और समसामयिक घटनाओं से जुड़े अधिकांश सवाल पढ़े हुए आए। गणित के प्रश्नों को हल करने में अधिक समय लगा। बड़ी चुनौती तय समय के भीतर सभी प्रश्न हल करना रहा।
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राहुल वर्मा उन्नाव
पिछले छह महीने की समसामयिक घटनाओं और सामान्य अध्ययन की अच्छी तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों के लिए प्रश्न हल करना आसान था। तार्किक क्षमता से जुड़े सवाल अधिक कठिन नहीं थे। हालांकि, रेखाचित्र आधारित कुछ प्रश्नों ने जरूर उलझाया।
अर्चना सिंह लखनऊ
पिछली परीक्षा की तुलना में इस बार प्रश्नपत्र अधिक सहज लगा। इतिहास, भूगोल और भारतीय संविधान से जुड़े अधिकांश प्रश्न स्कूली पाठ्यपुस्तकों के स्तर के थे। हालांकि, गलत उत्तर देने पर अंक कटने के प्रावधान के कारण अनुमान के आधार पर जवाब देने से बचना पड़ा।
संतोष उपाध्याय, कानपुर
पहली बार परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए कुछ प्रश्न चुनौतीपूर्ण रहे। आंकड़ों के विश्लेषण और तार्किक क्षमता से जुड़े सवालों को समझने में समय लगा। तालिका आधारित प्रश्नों की भाषा भी घुमावदार थी। सामान्य ज्ञान में परंपरागत विषयों से अधिक सवाल पूछे गए।
पूजा सिंह, रायबरेली

पीईटी परीक्षा देने पहुंचे अभ्यर्थी

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