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Ghazipur News: 810 स्कूलों में दो दिन होगी बच्चों की दक्षता की परख
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गाजीपुर। जिले के 810 परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की शैक्षणिक दक्षता की दोबारा परख होगी। कैच-अप कराओ, निपुण बनाओ अभियान के तहत दो और तीन नवंबर को एंडलाइन असेसमेंट टेस्ट आयोजित किया जाएगा।
इसमें विद्यालयों में नामांकित सभी बच्चों का मूल्यांकन अनिवार्य किया गया है। खास बात यह है कि 20 दिसंबर के बाद राज्य स्तर से स्वतंत्र बाह्य मूल्यांकन भी शुरू होना है। ऐसे में शिक्षकों को बच्चों की वास्तविक शैक्षणिक स्थिति सुधारने के साथ मूल्यांकन में पारदर्शिता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
निपुण भारत मिशन के तहत जिले के 810 चिन्हित विद्यालयों में बच्चों को बुनियादी शिक्षा में दक्ष बनाने के लिए विशेष अभियान चल रहा है। इससे पहले पांच और छह अक्तूबर को निपुण एप के माध्यम से बेसलाइन असेसमेंट कराया गया था। इसके बाद शिक्षकों ने वर्कशीट और अन्य शिक्षण सामग्रियों के जरिए कमजोर बच्चों पर विशेष ध्यान देते हुए उपचारात्मक शिक्षण कराया।
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अब अभियान की प्रगति परखने के लिए दो और तीन नवंबर को निपुण प्लस एप के माध्यम से निपुण लक्ष्य आधारित एंडलाइन असेसमेंट होगा। मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद ने शिक्षकों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्रत्येक विद्यालय में नामांकित शत-प्रतिशत बच्चों का मूल्यांकन पूरा कराया जाए।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपासना रानी वर्मा ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों, जिला समन्वयकों, एआरपी और प्रधानाध्यापकों को परीक्षा निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही 20 दिसंबर के बाद प्रस्तावित राज्यस्तरीय बाह्य मूल्यांकन को देखते हुए बच्चों की शैक्षणिक दक्षता में सुधार के लिए लगातार प्रयास करने को कहा गया है।
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इसमें विद्यालयों में नामांकित सभी बच्चों का मूल्यांकन अनिवार्य किया गया है। खास बात यह है कि 20 दिसंबर के बाद राज्य स्तर से स्वतंत्र बाह्य मूल्यांकन भी शुरू होना है। ऐसे में शिक्षकों को बच्चों की वास्तविक शैक्षणिक स्थिति सुधारने के साथ मूल्यांकन में पारदर्शिता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
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निपुण भारत मिशन के तहत जिले के 810 चिन्हित विद्यालयों में बच्चों को बुनियादी शिक्षा में दक्ष बनाने के लिए विशेष अभियान चल रहा है। इससे पहले पांच और छह अक्तूबर को निपुण एप के माध्यम से बेसलाइन असेसमेंट कराया गया था। इसके बाद शिक्षकों ने वर्कशीट और अन्य शिक्षण सामग्रियों के जरिए कमजोर बच्चों पर विशेष ध्यान देते हुए उपचारात्मक शिक्षण कराया।
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अब अभियान की प्रगति परखने के लिए दो और तीन नवंबर को निपुण प्लस एप के माध्यम से निपुण लक्ष्य आधारित एंडलाइन असेसमेंट होगा। मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद ने शिक्षकों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्रत्येक विद्यालय में नामांकित शत-प्रतिशत बच्चों का मूल्यांकन पूरा कराया जाए।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपासना रानी वर्मा ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों, जिला समन्वयकों, एआरपी और प्रधानाध्यापकों को परीक्षा निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही 20 दिसंबर के बाद प्रस्तावित राज्यस्तरीय बाह्य मूल्यांकन को देखते हुए बच्चों की शैक्षणिक दक्षता में सुधार के लिए लगातार प्रयास करने को कहा गया है।