फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shravasti News ›   Unseasonal rains have ruined the farmers' calculations.

Shravasti News: बेमौसम बारिश ने बिगाड़ा किसानों का गणित

Mon, 02 Nov 2026 12:19 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती Updated Mon, 02 Nov 2026 12:19 AM IST
विज्ञापन
Unseasonal rains have ruined the farmers' calculations.
खेत में भरे पानी से धान की फसल को निकालते किसान।-
श्रावस्ती/गिरंट बाजार। जिले में लगातार 36 घंटे से अधिक हुई बारिश ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। खेतों में पानी भरने से काटकर सूखने के लिए छोड़ी गई धान की फसल डूब गई। रविवार सुबह भी आसमान में काले बादल छाए रहे, हालांकि कुछ घंटे बाद धूप निकलने पर किसान भीगी फसल को सुखाने में जुट गए। वहीं, जिन खेतों में जलनिकासी की व्यवस्था नहीं है, वहां किसान धान की कटाई के लिए कंबाइन का सहारा लेने को मजबूर हैं।
विज्ञापन

अर्नब तूफान के सक्रिय होने से शुक्रवार सुबह से जिले में बारिश शुरू हुई, जो शनिवार पूरी रात जारी रही। बेमौसम बारिश से किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कुछ किसानों ने किसी तरह धान की फसल समेट ली थी, जबकि कई किसानों की फसल अभी कच्ची होने के कारण खेतों में खड़ी है। वहीं, कुछ किसानों ने धान काटकर खेतों में ही सूखने के लिए छोड़ दिया था। बारिश के बाद खेतों में पानी भरने से कटी फसल डूब गई। रविवार को किसान पानी से फसल निकालकर ऊंचे स्थानों पर सुखाते नजर आए।
विज्ञापन

पौधों में ही अंकुरित हो सकता है धान
जमुनहा क्षेत्र के काशीपुरवा निवासी राजितराम यादव ने बताया कि धान की फसल पूरी तरह भीग गई है। उसे सुखाने के लिए दूसरे स्थानों पर ले जाना पड़ रहा है। एक-दो दिन में फसल नहीं सूखी तो धान में अंकुरण शुरू हो सकता है। इससे चावल की गुणवत्ता प्रभावित होगी। तिलकराम यादव ने बताया कि पिछली बारिश में किसी तरह धान बच गया था, लेकिन इस बार की बारिश किसानों के लिए मुसीबत बन गई है। निचले खेतों में पानी भरने से कटाई नहीं हो पा रही है। मजबूरी में महंगे दाम पर कंबाइन से धान कटवाना पड़ रहा है। गिरंट निवासी दाताराम ने बताया कि बारिश के कारण गेहूं और सरसों की बोआई भी पिछड़ने की आशंका है। खेतों में अत्यधिक नमी होने से जमीन सूखने में काफी समय लगेगा। इससे अगली फसलों की तैयारी प्रभावित होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

खेतों से पानी निकालने का करें प्रबंध
बारिश भले ही बहुत तेज न हुई हो, लेकिन काफी देर तक बारिश होने से पकी फसलों को नुकसान हो सकता है। ऐसे में किसानों को चाहिए कि वह, जहां भी पानी भरा है उसे निकालने का प्रबंध करें। फसल को पूरा काटने के बजाय आधे पौध से ही फसल की कटाई करें। इससे फसल को सुखने में सहायता मिलेगा तथा खेतों में पराली के सड़ने से हरी खाद भी बन जाएगी, जो गेहूं व अन्य फसलों के लिए फायदेमंद है।
डॉ. उमेश कुमार गुप्ता, जिला कृषि अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed